अमरनाथ जाने से पहले खरीदनी होगी बुलेट प्रूफ जेकेट

Share Scn News India

विगत वर्ष 2017 में जम्मू-कश्मीर में हुए अमरनाथ यात्रियों पर हमले के बाद अब गुजरात की राज्य सरकार ने यात्रियों की सुरक्षा को लेकर एक बड़ा आदेश दिया है।

राज्य सरकार की ओर से गुरुवार को जारी एक आदेश में इस साल अमरनाथ यात्रा पर जाने वाले सभी यात्रियों के लिए बुलेट प्रूफ जैकेट्स की खरीद अनिवार्य कर दी गई है। राज्य सरकार की ओर से इस संबंध में सभी ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर्स को आदेश जारी करते हुए कहा गया है कि कश्मीर जाने का परमिट लेने के लिए सभी टैक्सी ऑपरेटर्स को अपने यात्रियों के लिए बुलेट प्रूफ जैकेट्स को अनिवार्य रूप से खरीदना होगा।

सरकार के इस आदेश के बाद वडोदरा टूर्स ऐंड ट्रैवल असोसिएशन के उपाध्यक्ष सिद्दीकी गांधी ने कहा कि हर साल बड़ी संख्या में अमरनाथ यात्री उनके वाहनों से कश्मीर जातें हैं ऐसे में इतनी बड़ी संख्या के लिए बुलेट प्रूफ जैकेट्स खरीदना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार के इस फैसले के बाद जैकेट्स का खर्च यात्रियों को ही उठाना पड़ेगा, लेकिन यह जरूर है कि इससे यात्रा के खर्च में इजाफा जरूर होगा।

गांधी ने कहा कि अमरनाथ यात्रा में हर यात्री पर करीब 10 हजार रुपये का खर्च आता है, लेकिन अगर बुलेट प्रूफ जैकेट्स की अनिवार्यता हुई तो इसमें करीब 12 हजार रुपये का अतिरिक्त खर्च आ सकता है। राज्य सरकार के परिवहन आयुक्त आरएम जाधव ने कहा कि इस संबंध में फैसला राज्य सरकार के गृह विभाग की ओर से हुआ है। उन्होंने कहा कि चूंकि 2017 में यात्रा पर हुए हमले में कई यात्रियों की जान गई है, ऐसे में सुरक्षा के लिहाज से यह कदम उठाया गया है।

हालांकि सरकार के इस फैसले के बाद ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर्स के बीच एक नाराजगी की स्थिति बनी हुई है। वजह यह है कि सरकार ने गुरुवार को जो गाइडलाइन्स जारी की हैं उसके तहत सिर्फ बस से कश्मीर जाने वाले यात्रियों को बुलेटप्रूफ जैकेट्स खरीदने को कहा गया है। इस आदेश में अब तक प्राइवेट टैक्सी, ट्रेन और हवाई मार्ग से कश्मीर जाने वाले यात्रियों के लिए ऐसी कोई अनिवार्यता नहीं रखी गई है जिसका ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर विरोध कर रहे हैं। अगर आंकड़ों की बात करें तो हर साल गुजरात से 40 हजार से ज्यादा लोग अमरनाथ यात्रा पर दर्शन के लिए जाते हैं। ऐसे में सरकार ने जो फैसला लिया है उसमें कुछ कमियां तो जरूर दिखती हैं। सरकार ने जो गाइडलाइन्स जारी की हैं, उसके अनुसार अमरनाथ यात्रा में बसों को ले जाने वाले यात्रियों के लिए अधिकतम उम्र की सीमा को 50 वर्ष कर दिया गया है, जिसके कारण बस ऑपरेटर्स में इसे लेकर असंतोष है।

बता दें कि साल 2017 में कश्मीर के अनंतनाग जिले में आतंकियों ने अमरनाथ यात्रियों पर हमला किया था। इस आतंकी हमले में 7लोगों की मौत हुई थी जबकि 32 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे। श्रीनगर से 50 किमी दूर हुए इस हमले के बाद इस हमले के मास्टरमाइंड लश्कर आतंकी अबु इस्माइल को कश्मीर की एक आतंकी मुठभेड़ में मार गिराया गया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!