
भोपाल: jat samaj sankalp mahasammelan महासम्मेलन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में कल (1 सितंबर 2026) जाट समाज का एक बड़ा शक्ति प्रदर्शन होने जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के बैनर तले भोपाल की धरती पर ‘संकल्प महासम्मेलन’ का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें प्रदेशभर से हजारों की संख्या में समाज के लोग जुटेंगे।
इस महासम्मेलन का मुख्य उद्देश्य लोकदेवता वीर तेजाजी महाराज के सम्मान और समाज की दो प्रमुख मांगों को लेकर सरकार के सामने आवाज बुलंद करना है।
महासम्मेलन की 2 प्रमुख मांगें:
महासम्मेलन के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय जाट संसद ने मध्य प्रदेश सरकार के सामने निम्नलिखित मांगें रखी हैं:
- राजकीय अवकाश की मांग: वीर तेजाजी महाराज की स्मृति में मनाए जाने वाले पर्व ‘तेजा दशमी’ पर पूरे मध्य प्रदेश में शासकीय/राजकीय अवकाश (Government Holiday) घोषित किया जाए।
- पाठ्यक्रम में जीवनी शामिल हो: नई पीढ़ी को प्रेरणा देने के लिए वीर तेजाजी महाराज के गौरवशाली इतिहास, शौर्य, त्याग और उनकी जीवनगाथा को विद्यालयों के पाठ्यक्रम (School Syllabus) में शामिल किया जाए।
‘चलो भोपाल — एक दिन कौम के नाम’ का नारा
अंतरराष्ट्रीय जाट संसद के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. रामावतार पलसानिया ने समाज के लोगों से इस आंदोलन में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की भावुक अपील की है। उन्होंने सोशल मीडिया और विभिन्न माध्यमों से संदेश जारी करते हुए कहा है, “अब समय आ गया है कि हम सब मिलकर अपनी आवाज बुलंद करें। 1 सितंबर को भोपाल की धरती पर इतिहास रचने का दिन है। अपनी आने वाली पीढ़ियों के लिए इतिहास और विरासत की मजबूत नींव रखने के लिए हर व्यक्ति समाज के साथ भोपाल पहुंचे।”
महासम्मेलन की तैयारियां पूरी
भोपाल में होने वाले इस ‘संकल्प महासम्मेलन’ के लिए प्रदेश के विभिन्न जिलों जैसे इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, सीहोर, हरदा और होशंगाबाद से भारी संख्या में जाट समाज के लोगों के पहुंचने की संभावना है। आयोजन समिति का दावा है कि यह महासम्मेलन समाज की सांस्कृतिक पहचान और अधिकारों की लड़ाई में एक मील का पत्थर साबित होगा।




