
पूरी खबर पढ़ने आज ही मेम्बरशिप लें और पढ़े सभी प्रीमियम खबरे लाईव वेब टीवी सहित
ब्यूरो रिपोर्ट
लुधियाना। पंजाब सरकार द्वारा ठेका और आउटसोर्सिंग व्यवस्था को समाप्त करने की दिशा में उठाए गए कदम का कर्मचारी यूनियनों ने स्वागत किया है। विभिन्न कर्मचारी संगठनों ने इसे कर्मचारियों के हित में ऐतिहासिक फैसला बताते हुए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया है।
यूनियन नेताओं का कहना है कि वर्षों से ठेका और आउटसोर्सिंग प्रणाली के कारण हजारों कर्मचारी नौकरी की असुरक्षा, कम वेतन और सीमित सुविधाओं जैसी समस्याओं का सामना कर रहे थे। नई नीति से कर्मचारियों को राहत मिलने की उम्मीद जगी है और नियमित रोजगार का रास्ता मजबूत होगा।
कर्मचारी नेताओं के अनुसार सरकार के इस फैसले से लगभग 65 हजार से अधिक कर्मचारियों को लाभ मिलने की संभावना है। उनका कहना है कि लंबे समय से ठेके पर काम कर रहे कर्मचारियों को अब अधिक सुरक्षा और स्थिरता मिल सकेगी। इससे हजारों परिवारों के भविष्य को भी मजबूती मिलेगी।
यूनियन प्रतिनिधियों ने कहा कि नई व्यवस्था के तहत कर्मचारियों का वेतन सीधे उनके बैंक खातों में भेजा जाएगा। इससे किसी एजेंसी या ठेकेदार द्वारा कमीशन, कटौती या अनावश्यक हस्तक्षेप की संभावना कम होगी। कर्मचारियों को उनके कार्य का पूरा भुगतान सीधे प्राप्त होगा।
इसके अलावा कर्मचारियों को विभिन्न कानूनी लाभ, वार्षिक कैजुअल छुट्टियां तथा अन्य सेवा संबंधी सुविधाएं भी उपलब्ध कराने की बात कही गई है। कर्मचारी संगठनों का मानना है कि इससे कार्यस्थल पर पारदर्शिता बढ़ेगी और कर्मचारियों का मनोबल मजबूत होगा।
यूनियन नेताओं ने कहा कि बिना उचित कारण और सुनवाई के किसी कर्मचारी की सेवा समाप्त नहीं की जानी चाहिए। नई व्यवस्था में कर्मचारियों के अधिकारों की सुरक्षा पर विशेष जोर दिया गया है, जिससे रोजगार सुरक्षा को मजबूती मिलेगी।
कर्मचारी संगठनों ने इसे श्रमिक हितों की दिशा में बड़ा कदम बताते हुए कहा कि यदि नीति प्रभावी ढंग से लागू होती है, तो राज्य के हजारों कर्मचारियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल सकता है।



