
ब्यूरो रिपोर्ट
नर्मदापुरम में अब अपराधियों के हौसले पर लगाम कसने कलेक्टर सुश्री सोनिया मीना ने कमाल का किया है। जिले में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उन्होंने मध्यप्रदेश राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1950 के तहत दो बदमाशों को एक साल के लिए जिला बदर कर दिया। अब साफ हो गया है कि यहाँ कोई भी अपने मनमाने तरीकों से राज नहीं चला सकता।
जिला बदर किए गए
- शिवा उर्फ डान उर्फ अनूप मेषकर निवासी कुचबंदिया मोहल्ला, बालागंज।
- अजय नरवरिया उर्फ नागिन निवासी राधाकृष्ण मंदिर के पास, आदमगढ़।
ये लोग पिछले समय से इलाके में लोगों को डराने-धमकाने और शांति भंग करने में लगे हुए थे, लेकिन अब इनके हौसले पर रोक लग गई है।
कलेक्टर सुश्री सोनिया मीना ने साबित कर दिया कि कानून का पालन और आम जनता की सुरक्षा उनके लिए सबसे पहले है। जिले में किसी भी तरह के गलत काम पर अब कोई ढील नहीं रहेगी। जनता भी राहत महसूस कर रही है, क्योंकि अब शांति भंग करने वाले लोग सबक सीख चुके हैं।
अफसरों और आम लोगों का कहना है कि सुश्री मीना की यह कार्रवाई जिले में कानून और व्यवस्था बनाए रखने की मिसाल है। अब साफ दिख रहा है कि नर्मदापुरम में अपराधियों का कोई ठिकाना नहीं और जनता चैन की नींद सो सकती है।