
ब्यूरो पन्ना प्रिय प्रकाश तिवारी
पन्ना के शाहनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत सुडोर गांव से बुधवार दोपहर 3 बजे एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। खेल-खेल में एक 14 वर्षीय मासूम बालक खुद ही गोली का शिकार हो गया और अब जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुडोर गांव निवासी नक्स चौधरी (14), पिता शशि कुमार चौधरी, बुधवार दोपहर अपने खेत की ओर खेलने के लिए गया था। परिजनों का कहना है कि इसी दौरान उसे खेत में एक बंदूक पड़ी मिली। मासूमियत में उसने उसे खिलौना समझकर हाथ में उठा लिया और अनजाने में ट्रिगर दब गया। ट्रिगर दबते ही जोरदार धमाका हुआ और गोली सीधे उसके पेट में जा लगी।
गोली लगते ही बालक जमीन पर गिर पड़ा और उसकी हालत गंभीर हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और बिना देर किए उसे जिला अस्पताल कटनी लेकर गए, जहां डॉक्टरों की टीम द्वारा उसका इलाज जारी है। चिकित्सकों के अनुसार बालक की हालत नाजुक बनी हुई है। इस घटना के बाद गांव में सनसनी फैल गई है। हर कोई इस हादसे से स्तब्ध है और तरह-तरह के सवाल उठने लगे हैं। सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर एक लोडेड बंदूक खेत में कैसे पहुंची? क्या वास्तव में यह बंदूक वहां लावारिस पड़ी थी, या फिर इसके पीछे कोई और कहानी छिपी हुई है? घटना की सूचना मिलते ही शाहनगर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखते हुए यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि बंदूक किसकी थी, वह खेत तक कैसे पहुंची और कहीं इस पूरे मामले के पीछे कोई साजिश या लापरवाही तो नहीं है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभी जांच प्रारंभिक स्तर पर है और सभी संभावित बिंदुओं पर बारीकी से पड़ताल की जा रही है। वहीं मीडिया भी गांव स्तर पर जानकारी जुटाने में लगी हुई है, ताकि सच्चाई सामने आ सके। यह घटना एक बार फिर समाज के सामने गंभीर सवाल खड़े करती है। खुले में असुरक्षित तरीके से हथियारों का पड़े रहना कितना खतरनाक हो सकता है, इसका यह ज्वलंत उदाहरण है। नासमझ बच्चों के हाथों में ऐसे घातक हथियार पहुंचना कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि अभिभावकों को अपने बच्चों पर सतत निगरानी रखने के साथ-साथ आसपास के वातावरण की सुरक्षा पर भी ध्यान देना चाहिए। वहीं जिन लोगों के पास हथियार हैं, उन्हें कानूनी नियमों का पालन करते हुए उनकी सुरक्षित रख-रखाव की जिम्मेदारी समझनी होगी फिलहाल पूरे मामले की सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आ पाएगी, लेकिन यह घटना सभी के लिए एक चेतावनी जरूर है कि लापरवाही कभी भी जानलेवा साबित हो सकती है।






