
ब्यूरो रिपोर्ट
भीमपुर ब्लॉक के ग्राम बर्राढाना में हुई भीषण आगजनी के बाद पीड़ित परिवारों को राहत पहुंचाने के लिए शासन प्रशासन संवेदनशीलता के साथ सक्रिय है। रविवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं बैतूल विधायक हेमंत खंडेलवाल ने जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचकर प्रभावित ग्रामीणों से मुलाकात कर ढांढस बंधाया और उन्हें हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।

इस दौरान उन्होंने आगजनी से प्रभावित सभी परिवारों को व्यक्तिगत रूप से तात्कालिक आर्थिक 10 -10 हजार रुपए की नगद सहायता राशि प्रदान की, जिससे पीड़ितों को तुरंत राहत मिल सके। विधायक श्री खंडेलवाल ने इस संबंध में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से भी चर्चा की है, जिसमें संवेदनशील मुख्यमंत्री जी द्वारा आगजनी पीड़ित परिवारों को अतिरिक्त आर्थिक सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया गया है।

विधायक श्री खंडेलवाल ने कहा कि बैतूल और भैंसदेही दोनों विधायकों की स्वेच्छानुदान निधि से प्रत्येक प्रभावित परिवार को 20-20 हजार रुपए की अतिरिक्त सहायता दी जाएगी। साथ ही आरबीसी 6-4 के प्रावधान के तहत भी पीड़ितों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नुकसान का विस्तृत आंकलन कर शीघ्र आर्थिक सहायता वितरित की जाए तथा पुनर्वास की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।

इस अवसर पर उपाध्यक्ष जन अभियान परिषद श्री मोहन नागर, विधायक भैंसदेही श्री महेंद्र सिंह चौहान, जिला विकास सलाहकार समिति सदस्य श्री सुधाकर पवार, कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे सहित जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।

आगजनी से हुआ भारी नुकसान
शनिवार शाम ग्राम पंचायत बाशिंदा के बर्राढाना में अचानक लगी आग तेज हवाओं के कारण विकराल हो गई, जिससे मकान, घरेलू सामान और अनाज जलकर नष्ट हो गया। इस घटना में करीब 24 परिवार प्रभावित हुए हैं, जिनमें लगभग 18 परिवारों को भारी और 6 को आंशिक नुकसान हुआ है।

संवेदनशीलता के साथ राहत कार्य जारी
शासन प्रशासन ने पीड़ित परिवारों के लिए राशन इत्यादि की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की गई हैं। वहीं स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रभावित परिवारों का स्वास्थ्य परिक्षण भी कराया गया है। साथ ही सामाजिक संस्थाएं भी पीड़ितों की मदद के लिए आगे आ रही हैं। विधायक श्री हेमंत खंडेलवाल ने मौके पर चले रहे राहत कार्यों का अवलोकन भी किया और पीड़ित परिवारों से मुलाकात के दौरान श्री खंडेलवाल ने भरोसा दिलाया कि आर्थिक सहायता और पुनर्वास की हर संभव व्यवस्था प्राथमिकता के साथ की जाएगी, ताकि प्रभावित परिवार जल्द से जल्द सामान्य जीवन में लौट सकें।






