
ब्यूरो रिपोर्ट
आवासीय शैक्षणिक संस्थानों में 24×7 आपातकालीन चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए अथवा निकटतम एक किलोमीटर की परिधि में ऐसी सुविधा सुनिश्चित की जाए। उन्होंने लंबे समय से रिक्त शिक्षण एवं गैर-शिक्षण पदों को चार माह की अवधि में भरने तथा आरक्षित वर्गों के पदों को प्राथमिकता देने के निर्देश भी दिए हैं। अपर मुख्य सचिव श्री राजन ने कहा कि छात्रों की सभी लंबित छात्रवृत्तियों का समयबद्ध निराकरण किया जाए। छात्रवृत्ति में विलंब के कारण किसी भी छात्र को परीक्षा, कक्षा, हॉस्टल अथवा डिग्री/मार्कशीट से वंचित नहीं किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, शैक्षणिक संस्थानों को विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के सभी बाध्यकारी विनियमों, विशेषकर रैगिंग निरोधक व्यवस्था, समान अवसर प्रकोष्ठ, आंतरिक शिकायत समिति एवं छात्र शिकायत निवारण तंत्र के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए गए।